म्हारा चारभुजा रा नाथ म्हारा बोरखेड़ा रा श्याम, मागु जितनो सगलो दिजो जोडूं दोनों हाथ- वैष्णव

भीलवाड़ा समाचार 
सवाईपुर ( सांवर वैष्णव ):- कस्बे के निकटवर्ती बोरखेड़ा गांव में एक शाम चारभुजानाथ के नाम भजन संध्या का आयोजन हुआ, जिसमें भजन गायक कलाकारों ने एक से बढ़कर एक भक्तिमय भजनों की प्रस्तुतियां दी । आयोजक कर्ता जगदीश वैष्णव ने बताया कि शुक्रवार सायं को चारभुजा नाथ की शोभायात्रा निकाली गई, इसके बाद रात्रि में एक शाम चारभुजानाथ के नाम भजन संध्या का आयोजन हुआ, जिसमें भजन संध्या की शुरुआत सत्यनारायण वैष्णव अड़सीपुरा ने गणपति वंदना व गुरु वंदना के साथ की, इसके साथ ही अरे ऊंचा ऊंचा धोरा जी रा देवरा रे, उदल जोडे नौनेरा रा गेला, उदल आपा नानेरे चाला... आदि कई भजनों की प्रस्तुतियां दी । इनके बाद पोकर सिंह राजपुरोहित जोधपुर ने घोड़ों मारो छमछम करतो आवे, चारभुजा नाथ ने सग में लावे... व माजीसा घुमर गालो तो राणो ढ़ोल बजावे... सहित अन्य कई भक्तिमय भजनों की प्रस्तुतियां दी । फिर सांवर वैष्णव ढ़ेलाणा ने म्हारा चारभुजा रा नाथ म्हारा बोरखेड़ा रा श्याम, मागु जितनो सगलो दिजो जोडूं दोनों हाथ... व मारी किस्मत ने सांवरा बदल दो, खाली झोली ने खुशियां सु भर दो... सहित एक से बढ़कर एक भक्तिमय भजनों की प्रस्तुतियां दी । फ़िर महावीर वैष्णव बोरखेड़ा ने बन्नो मारो चारभुजा रो नाथ, बन्नी  मारी तुलचा लाड़ली... सहित भक्तिमय भजनों की प्रस्तुतियां दी । वही महावीर नट गफेसरा ने एक से बढ़कर एक भक्तिमय भजनों की प्रस्तुतियां दी, जिस पर श्रोतागण भावविभोर होकर नाचने झुमने लगे । भजन संध्या में भौंर तक भजनों की सरिता बही ।।